
•माँ को जिंदा जलाकर नृशंस हत्या करने वाले बेटे को पेशेवर विवेचना द्वारा मात्र 13 माह के भीतर दिलवाया कठोर आजीवन कारावास ।
•चिन्हित प्रकरण में आरोपी को पेशेवर विवेचना द्वारा माननीय न्यायालय से करवाया आजीवन कठोर कारावास एवं ₹ 5,000/- के अर्थदण्ड से दण्डित । इसी तारतम्य में ''ऑपरेशन संकल्प'' के तहत दिनांक 21.02.2024 को थाना उदयनगर पर फरियादी ने रिपोर्ट दर्ज करवाई कि आरोपी धनसिंह पिता झुक्ला भिलाला उम्र 52 साल निवासी पटेल मोहल्ला ग्राम जुलाधड़ थाना उदयनगर ने स्वयं की विकलांग मां को बड़बड़ाने व चिल्लाने एवं अन्य आपसी बातों के चलते अपनी मां के ऊपर मक्के की सुखी कड़प डालकर आग लगा दी जिससे की आरोपी की मां की मृत्यु हो गई । रिपोर्ट पर से थाना उदयनगर में अपराध क्रमांक 81/2024 दिनांक 21.02.2024 धारा 302 भादवि का अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया । प्रकरण की विवेचना निरीक्षक भगवानदास बीरा के द्वारा की जाकर दिनांक 21.02.2024 को आरोपी को गिरफ्तार किया गया । प्रकरण की विवेचना पूर्ण होने पर चालान क्रमांक 111/2024 दिनांक 20.04.2024 को तैयार किया गया । दिनांक 08.05.2024 को प्रकरण का चालान माननीय न्यायालय पेश किया गया । प्रकरण के माननीय न्यायालय में विचारण के दौरान अनुविभागीय अधिकारी (पुलिस) बागली सुश्री सृष्टि भार्गव,थाना प्रभारी उदयनगर कल्लु सिंह परस्ते एवं प्रकरण प्रभारी उनि राकेश सिंह ने माननीय न्यायालय द्वारा जारी समस्त आदेशिकाओं की तामीली समय से कराई गई । प्रकरण के पैरवीकर्ता जिला लोक अभियोजक श्री गजराज सिंह चौहान द्वारा अभियोजन की उत्कृष्ट व सटीक पैरवी कर अपना पक्ष मजबूती से रखा गया साथ ही चिन्हित प्रकरण होने से श्री राजेन्द्र सिंह भदौरिया जिला अभियोजन अधिकारी /प्रभारी उपसंचालक अभियोजन देवास एवं विवेचक की उत्कृष्ट विवेचना के फलस्वरूप माननीय द्वितीय अपर सत्र न्यायाधीश श्री सुखराम सीनम न्यायालय बागली ने आरोपी धनसिंह पिता झुक्ला भिलाला उम्र 52 साल निवासी पटेल मोहल्ला ग्राम जुलाधड़ थाना उदयनगर को स्वयं की विकलांग मां को आग लगाकर जलाने के संबंध में आजीवन कठोर कारावास एवं ₹ 5,000/- रुपये के अर्थदण्ड से दण्डित किया गया है । प्रकरण मे कोर्ट मोहर्रिर के रुप में आर 198 महेन्द्र सिंह मण्डलोई,कोर्ट मुंशी के रुप में 736 मगन बामनिया एवं वारंट मुंशी के रुप में आर 716 प्रताप परिहार द्वारा कार्य किया गया।
• लोक अभियोजक अधिकारी द्वारा उत्कृष्ट एवं सटीक पैरवी कर अपना पक्ष मजबुती से रखने साथ ही प्रकरण में विवेचक की उत्कृष्ट विवेचना के फलस्वरूप दिलाया जा सका मृतिका को अंतिम न्याय । देवास पुलिस अधीक्षक पुनीत गेहलोद द्वारा जिले में ''ऑपरेशन संकल्प'' की शुरुआत की गई हैं, जिसके अंतर्गत पुलिस विवेचना को अधिक से अधिक पेशेवर एंव वैज्ञानिक बनाकर समयावधि में अभियोग पत्र माननीय न्यायालय पेश करने पर जोर दिया जा रहा हैं । साथ ही न्यायालय द्वारा विचारण के दौरान जारी समस्त आदेशिकाओं समंन एंव वारंट की प्राथमिकता से तामिली करवाई जा रही हैं ताकि गंभीर प्रकरणों में जल्द से जल्द न्यायालयीन निर्णय प्राप्त कर पीड़ित को न्याय दिलाया जा सके । गंभीर अपराधों में दोषसिद्धि होने पर स्वयं पुलिस अधीक्षक द्वारा प्रकरण के विवेचक,पैरवीकर्ता एवं संपूर्ण टीम को पुरस्कृत किया जा रहा हैं जिसके चलते पुलिस कर्मियों का मनोबल बढ़ा हैं एवं लगातार गंभीर अपराधों में दोषसिद्धि प्राप्त करने में देवास पुलिस सफल रहीं हैं ।



